Shayari (9 in 1 week | sorting by most liked)

*इतनी सी ज़िंदगी हैं पर ख़्वाब बहुत हैं..*

*जुर्म का तो पता नहीं पर इल्ज़ाम बहुत हैं..*✍🏻

 
91
 
3 days
 
Paraskumar Pande

*_💫तेरे मिलने से,,,,कुछ ऐसी बात हो गई,,,,,✍🏻✍🏻✍🏻❗_*



*_💫कुछ भी नहीं था मेरे पास,,,,और अब ज़िन्दगी से मुलाक़ात हो गई,,,,‼_*

 
82
 
4 days
 
N_i_l__u

*होकर भी.......जैसे नहीं हूँ मैं.*..!!
*कुछ इस तरह आजकल हूँ मैं..*!!
..💕

 
60
 
4 days
 
Paraskumar Pande

और वफ़ा क्या होगी
सांस मेरी ज़मानत रख लो...

दिल पागल हुआ जा रहा है,
उम्मीद उसी से रखता है जो सबसे ज्यादा दर्द देता है💕

 
42
 
6 days
 
shayar

रोना चाहे रो ना पाये दिल कितना मज़बूर है,
किसे पता है कौन बताये रब को क्या मंज़ूर है !!

 
35
 
3 days
 
J_sT@R.

उदास दिल उदास मौसम उदास वक़्त उदास ज़िन्दगी
और किस किस पर इल्ज़ाम लगाऊं तेरे ना होने का

 
28
 
10 hours
 
Yara

पाकर तुझको जीना सीखा
तुझ बिन जी ना सकुगी
य़े ज़िन्दगी हैं नाम तुम्हारे
दूर ना अब रह सकुगी
प्यार तुम्हारा जख्म अगर हैं
जख्म भी हैं मंजूर
चाहे गम कितने भी हो दिल मे
तेरे ही दिल मे रहुगी

 
26
 
4 days
 
N_i_l__u

तू मेरे लिये अलफाज़ों से बेवजह ही लड़ा था,
कोरा कागज जो तूने भेजा मैंने वो भी पढ़ा था..

 
20
 
15 hours
 
Jasmine
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