Jainism (578 | sorting by most liked)

😷... अमृत वाणी ...😷

*जिन्दगी जब देती है,*
*तो एहसान नहीं करती*
*और जब लेती है तो,*
*लिहाज नहीं करती*

*दुनिया में दो \'पौधे\' ऐसे हैं*
*जो कभी मुरझाते नहीं और*
*अगर जो मुरझा गए तो उसका*
*कोई इलाज नहीं।*
पहला - *\'नि:स्वार्थ प्रेम\'*
और दूसरा - *\'अटूट विश्वास\'*

*""सदा मुस्कुराते रहिये""*
*🌹हँसते रहिये हंसाते रहिये🌹

 
590
 
660 days
 
N.v.jain

*रोने से तो आंसू भी पराये हो जाते हैं,*
*लेकिन मुस्कुराने से...*
*पराये भी अपने हो जाते हैं !*
*मुझे वो रिश्ते पसंद है,*
*जिनमें " मैं " नहीं " हम " हो !!*


*इंसानियत दिल में होती है, हैसियत में नही,*
*उपरवाला कर्म देखता है, वसीयत नही..*

 
527
 
681 days
 
N.v.jain

*✍➖अनमोल वचन➖✍*

*1. परेशान ना हुआ करो सबकी बातों से.. कुछ लोग पैदा ही बकवास करने को होते हैं.*

*2. गलती उसी से होती है जो मेहनत से काम करता है, निकम्मों की ज़िंदगी तो दूसरों की बुराई खोजने में खत्म हो जाती हैं.*

*3. पैसा इंसान को ऊपर ले जा सकता है, लेकिन इंसान पैसे को ऊपर नही ले जा सकता.*

*4. तुम दुनिया में सबसे जीत सकते हो, सिवाय उस इंसान के. जो तुम्हारी खुशी के लिये, जानबूझकर हार जाता हो.*

*5. दूसरों को उतनी ही जल्दी क्षमा करों, जितनी जल्दी आप ऊपर वाले से क्षमा चाहते हैं.*

*6. लोग बुरे नहीं होते, बस आपके मतलब के नहीं होते इसलिए बुरे लगते हैं.*

*7. जिंदगी गुजर गई सबको खुश करने में जो खुश हुये वो अपने नही थे.*

*8. कोई मेरा दिल दुखाता है तो मैं चुप रहना ही पसंद करता हूँ.. Q कि मेरे जवाब से बेहतर वक़्त का जवाब होगा.*

*9. कुछ लोग ऊंचा उठने के लिए किसी भी हद तक गिरने को तैयार हो जाते हैं.*

*10. जमाना भी अजीब है ; यह नाकामयाब लोगों का मज़ाक़ उडाता है और कामयाब लोगों से जलता हैं.*

*11. तुम कब सही थे इसे कोई याद नही रखता, तुम कब गलत थे इसे कोई नही भूलता.*

*12. कौन बनता है किसी का.. तुम अपनी ही मिसाल ले लों.*

*13. खुद को "गलत" भी "सही" आदमी ही मान सकता हैं.*

*14. जब आप खुद को खुश करने के लिए किसी का अपमान कर रहे होते हैं.. दरअसल आप उस समय अपना सम्मान खो रहे होते हैं.*

*15. इंसान गलती कर के इतना दुखी नही होता जितना उन गलतियों के बारे में सोचकर होता हैं.*

*16. कौन क्या कर रहा हैं, कैसे कर रहा हैं, क्यों कर रहा हैं, इन सब से आप जितना दूर रहेंगे उतना ही खुश रहेंगे.*

*17. रिश्तों के बाजार में आजकल वो लोग हमेशा अकेले पाए जाते है जो दिल और जुबान के सच्चे होते हैं.*

*18. जो तुम्हारी बात सुनते हुए इधर-उधर देखे उस पर कभी विश्वास ना करो.*

*19. हम झुकते हैं Q कि हमे रिश्ते निभाने का शौक हैं, वरना गलत तो हम कल भी नही थे और आज भी नही हैं.*

*20. देखने का नजरिया सही होना चाहिए, ठीक वैसे ही जैसे स्कूल की पहली घंटी से नफरत होती है पर वही घंटी जब दिन की आखिरी हो तो सबसे प्यारी लगती हैं.*

*21. भूखा पेट, खाली जेब और झूठा प्रेम इंसान को बहुत कुछ सिखा जाता हैं.*

 
516
 
707 days
 
N.v.jain

*इस फरेबी दुनिया में*
*मुझे दुनियादारी नही आती*

*झूठ को सच साबित करने की*
*मुझे कलाकारी नही आती*

*सुर्खियों में बने रहने की*
*मुझे चाटुकारी नही आती*

*जिसमें सिर्फ मेरा हित हो*
*मुझे वो समझदारी नही आती*

*शायद मैं इसीलिए पीछे हूं*
*मुझे होशियारी नही आती*

*बेशक लोग ना समझे मेरी वफादारी*
*मगर 'यारो, मुझे गद्दारी नही आती'*

 
466
 
633 days
 
N.v.jain

🙏शुभप्रभात🙏

"तन की खूबसूरती एक भ्रम है..!
सबसे खूबसूरत आपकी "वाणी" है..!
चाहे तो दिल "जीत" ले..!
चाहे तो दिल "चीर" दे"!!
इन्सान सब कुछ कॉपी कर सकता है..!
लेकिन किस्मत और नसीब नही..!
"श्रेय मिले न मिले,
अपना श्रेष्ठ देना कभी बंद न करें.

💐💐💐💐💐💐💐💐
आपका दिन शुभ हो मंगलमय हो

 
415
 
665 days
 
N.v.jain

बहुत ही सुंदर पंक्तियां भेजी है, फारवर्ड करने से खुद को रोक नहीं पाया ....

व्यवहार मीठा ना हों तो... हिचकियाँ भी नहीं आती,
बोल मीठे न हों तो कीमती... मोबाईलो पर घन्टियां भी नहीं आती।
घर बड़ा हो या छोटा, अग़र मिठास ना हो,
तो ईंसान तो क्या, चींटियां भी नजदीक नहीं आती।
जीवन का 'आरंभ' अपने रोने से होता हैं..,
और
जीवन का 'अंत' दूसरों के रोने से,
इस "आरंभ और ...अंत" के बीच का समय भरपूर हास्य भरा हो...
बस यही सच्चा जीवन है...!!!
हे प्रभु
न किसी का फेंका हुआ मिले,
न किसी से ..छीना हुआ मिले,
मुझे बस मेरे.. नसीब मे
लिखा हुआ मिले,
बस इतना देना.. मेरे मालिक अगर जमींन पर बैठूँ
तो लोग उसे मेरा ...बड़प्पन कहें मेरी ओकात नहीं.... ‪

🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏
🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏

 
402
 
715 days
 
N.v.jain

🌹 *किसी भी रिश्ते को जीवंत रखने के लिये हृदय से प्रेम अति आवश्यक है...!!!"*
*लोग अफ़सोस से कहते है की*
*कोई किसीका नहीं,*
*लेकिन कोई यह नहीं सोचता की*
*हम किसके हुए !!*🌹

 
352
 
637 days
 
N.v.jain

💎 *बहुत सुन्दर पंक्ति* 👌

*जो मुस्कुरा😊 रहा है,*
उसे दर्द ने पाला होगा...,
*जो चल रहा है,*
उसके पाँव में छाला होगा...,
बिना संघर्ष के इन्सान
चमक नहीं सकता, यारों...,
जो जलेगा उसी दिये से तो,
उजाला होगा...।

उदास होने के लिए उम्र पड़ी है,
नज़र उठाओ सामने ज़िंदगी खड़ी है
*✍🏻 *
☀☀☀☀☀☀☀☀☀
🕉शुभ प्रभात🕉

 
338
 
702 days
 
N.v.jain

🌻🌻 *सुप्रभात*🌻🌻
🙏🙏💐🙏🙏

जिंदगी में पीछे देखोगे तो *"अनुभव"* मिलेगा...,
जिंदगी में आगे देखोगे तो *"आशा"* मिलेगी...,
दांए-बांए देखोगे तो *"सत्य"* मिलेगा...,
लेकिन अगर भीतर देखोगे तो *"परमात्मा"* मिलेगा...,
*"आत्मविश्वास"* मिलेगा...।

*हमेशा खुश रहिए ताकि दूसरे भी आपसे खुश हो जाएँ।*🌞

👏आपका दिन शुभ हो..🌹😊🌹

 
333
 
671 days
 
N.v.jain

छोड़ देते है भोजन
जिसमें एक बाल है
फिर क्यों खाते हो अंडा
जिसमें एक माँ का लाल है......
.
वाह रे इंसान तेरी फिदरत ....
।। लाश को हाथ लगाता है
तो नहाता है ...
पर बेजुबान जीव को मार के खाता है ।।
.
Proud to be Vegetarian ....जैन धर्म की जय

 
324
 
1351 days
 
Sandeep Bad
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